Kafka
Kafka
Download AppDownload
AboutContactPrivacyTerms
Download App

© 2026 Kafka

  1. Home
  2. /
  3. पाँच फूल
पाँच फूल

पाँच फूल

मुंशी प्रेमचंद

1h 46m
21,117 words
hi
Start Reading

1929 में प्रकाशित यह संग्रह प्रेमचंद के लेखकीय जीवन का एक मध्य-बिन्दु है — जब उनकी कलम ने यथार्थवाद और मानवीय करुणा का वह सन्तुलन साध लिया था जो आगे चलकर उन्हें 'उपन्यास-सम्राट्' बनाने वाला था। पाँचों कहानियाँ अलग-अलग सामाजिक धरातलों पर खड़ी हैं, मगर सब में एक ही प्रश्न मौजूद है — मनुष्य की असली पहचान क्या है? पद, धन, धर्म, या वह क्षण जब वह अपने स्वार्थ से ऊपर उठ जाता है?

'मंत्र' — जो हिन्दी की सबसे प्रसिद्ध कहानियों में गिनी जाती है — एक अहंकारी डॉक्टर और एक ग़रीब पिता की दर्दनाक मुलाक़ात है, जहाँ बेटे की मौत और उसकी सज्जनता मिलकर एक ऐसी सीख देती है जिसे जीवन-पर्यन्त भुलाया नहीं जा सकता। 'जिहाद' साम्प्रदायिक उन्माद के बीच मानवीयता का दुर्लभ चित्र है। 'इस्तीफ़ा' एक मामूली क्लर्क के स्वाभिमान की कथा है — जब हिन्दी विद्वानों ने इसे प्रकाशन के समय 'इधर की सभी कहानियों से श्रेष्ठ' कहा था। 'कप्तान-साहब' और 'फ़ातिहा' पारिवारिक त्रासदी और मित्रता की कहानियाँ हैं जो कम जानी जाती हैं पर उतनी ही मार्मिक हैं।

यह संग्रह प्रेमचंद की उस शैली का प्रमाण है जिसे आगे चलकर 'मानसरोवर' की कहानियों ने और निखारा। यहाँ ग्रामीण जीवन की सादगी है, शहरी मध्यवर्ग की उहापोह है, और हिन्दू-मुसलमान संबंधों पर वह संतुलित दृष्टि है जिसके लिए वे जाने जाते हैं।

यह पुस्तक उन पाठकों के लिए है जो प्रेमचंद को सिर्फ 'गोदान' या 'ईदगाह' तक सीमित नहीं रखना चाहते — और जो हिन्दी कथा साहित्य के उस दौर को महसूस करना चाहते हैं जब साहित्य समाज को बदलने का उपकरण था।

कहानी संग्रहहिंदी कहानीप्रेमचंद साहित्यग्रामीण जीवनशहरी मध्यवर्गसामाजिक यथार्थवादसांप्रदायिक सद्भावमानवीय संवेदनानैतिक द्वंद्वगांधी युग20वीं सदीक्लासिक साहित्यउत्तर भारतलघुकथाहिन्दुस्तानी समाज
LanguageHindi
Source
Wikisource

Books by मुंशी प्रेमचंद

प्रवासीलाल वर्मा के नाम पत्रप्रवासीलाल वर्मा के नाम पत्र
विचार: प्रेमचंदविचार: प्रेमचंद
अलंकारअलंकार
प्रतिज्ञाप्रतिज्ञा
गबनगबन
कर्बलाकर्बला
माँमाँ
शतरंज के खिलाड़ीशतरंज के खिलाड़ी
पूस की रातपूस की रात
ईदगाहईदगाह
हार की जीतहार की जीत
मंत्रमंत्र
बङे भाई साहबबङे भाई साहब
ठाकुर का कुआँठाकुर का कुआँ
पंच परमेश्वरपंच परमेश्वर
नमक का दरोग़ानमक का दरोग़ा
गोदानगोदान
सेवासदनसेवासदन
बूढ़ी काकीबूढ़ी काकी
प्रेमचंद कहानी समग्रप्रेमचंद कहानी समग्र
कर्मभूमिकर्मभूमि
गल्प समुच्चयगल्प समुच्चय
रंगभूमिरंगभूमि
प्रेमचंद की सर्वश्रेष्ठ कहानियाँप्रेमचंद की सर्वश्रेष्ठ कहानियाँ

Similar books

ग़ज़लियात-ए-इक़बालग़ज़लियात-ए-इक़बाल
शरीफ़नशरीफ़न
विदाविदा
कविताएँकविताएँ
मैं नास्तिक क्यों हूँ?मैं नास्तिक क्यों हूँ?
जातिभेद का उच्छेदजातिभेद का उच्छेद
अंगारेअंगारे
हसरत की शाइरीहसरत की शाइरी
हिंदुत्व का दर्शनहिंदुत्व का दर्शन
जीवित और मृतजीवित और मृत
दो बैलों की कथादो बैलों की कथा
बुद्ध अथवा कार्ल मार्क्सबुद्ध अथवा कार्ल मार्क्स
पोस्टमास्टरपोस्टमास्टर
काबुलीवालाकाबुलीवाला
क्या पाकिस्तान बनना चाहिएक्या पाकिस्तान बनना चाहिए
भिखारिनभिखारिन
पाषाणीपाषाणी